देहरादून: पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में ऊर्जा और ईंधन बचत को लेकर कई अहम फैसले लिए गए। राज्य सरकार ने बढ़ती वैश्विक ईंधन चुनौतियों और ऊर्जा संरक्षण की आवश्यकता को देखते हुए अल्पकालिक और दीर्घकालिक सुधार लागू करने का निर्णय लिया है।
कैबिनेट के फैसलों के तहत अब सप्ताह में एक दिन ‘नो व्हीकल डे’ मनाया जाएगा। मुख्यमंत्री और मंत्रियों के फ्लीट में शामिल वाहनों की संख्या आधी की जाएगी। जिन अधिकारियों के पास एक से अधिक विभागों की जिम्मेदारी है, वे एक दिन में अधिकतम एक ही वाहन का उपयोग करेंगे।
सरकारी विभागों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग आधारित बैठकों को बढ़ावा दिया जाएगा, जबकि निजी संस्थानों को वर्क फ्रॉम होम मॉडल अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। राज्य सरकार ने सरकारी कर्मचारियों को सार्वजनिक परिवहन के उपयोग के लिए प्रेरित करने के निर्देश भी दिए हैं। परिवहन विभाग को बस सेवाओं की संख्या और क्षमता बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।
राज्य सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए नई ईवी नीति लाने की घोषणा की है। नए खरीदे जाने वाले सरकारी वाहनों में 50 प्रतिशत वाहन इलेक्ट्रिक होंगे। साथ ही राज्यभर में ईवी चार्जिंग स्टेशन नेटवर्क के विस्तार पर भी प्राथमिकता से काम किया जाएगा।
पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए “विजिट माई स्टेट” अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत धार्मिक, ग्रामीण, वेलनेस और इको-टूरिज्म सर्किटों का व्यापक प्रचार किया जाएगा। राज्य में डेस्टिनेशन वेडिंग्स को प्रोत्साहन देने के लिए सिंगल विंडो क्लीयरेंस व्यवस्था भी लागू की जाएगी।
सरकार ने स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए “मेड इन स्टेट” अभियान चलाने का निर्णय लिया है। साथ ही लोगों को एक वर्ष तक सोने की खरीद सीमित करने और घरेलू उत्पादों के उपयोग के प्रति जागरूक किया जाएगा।
स्वास्थ्य और खानपान को लेकर भी सरकार ने नई पहल की है। स्कूलों, अस्पतालों और सरकारी कैंटीनों में खाद्य तेल के उपयोग की समीक्षा होगी। होटल, ढाबों और स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को कम तेल वाले मेन्यू अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
कृषि क्षेत्र में प्राकृतिक खेती, जीरो बजट खेती और बायो-इनपुट आधारित खेती को बढ़ावा दिया जाएगा। किसानों को इसके लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। वहीं, पीएनजी कनेक्शन विस्तार, रूफटॉप सोलर और गोबर गैस योजनाओं को मिशन मोड में लागू करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि वैश्विक परिस्थितियों के चलते ईंधन और खाद्य आपूर्ति पर दबाव बढ़ा है। ऐसे समय में प्रधानमंत्री Narendra Modi की अपील के अनुरूप छोटे-छोटे व्यवहारिक बदलाव देशहित में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।











