देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के पांच वर्ष पूरे होने के अवसर पर प्रदेश सरकार एक बार फिर जनता के दरवाजे तक सरकारी सेवाएं पहुंचाने की तैयारी में है। 4 जुलाई से राज्यभर में ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान का दूसरा चरण शुरू होगा। 15 दिनों तक चलने वाले इस विशेष अभियान के दौरान जिला, तहसील और ब्लॉक स्तर पर शिविर लगाकर लोगों की शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण किया जाएगा।
मुख्यमंत्री धामी ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि आम नागरिकों को छोटी-छोटी समस्याओं के समाधान के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें। इसके लिए सभी विभागों के अधिकारी और कर्मचारी शिविरों में मौजूद रहेंगे तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ भी पात्र लोगों तक पहुंचाया जाएगा।
सरकार का दावा है कि पिछले वर्ष दिसंबर में शुरू किए गए अभियान को व्यापक जनसमर्थन मिला था। 45 दिनों तक चले पहले चरण में प्रदेशभर में 681 शिविर आयोजित किए गए, जिनमें 5.33 लाख से अधिक लोगों ने भागीदारी की। इस दौरान करीब 33 हजार शिकायतों का त्वरित समाधान किया गया था। सरकार ने इसे सुशासन की सफल पहल और बेहतर प्रशासनिक मॉडल बताया है।
इस बार अभियान को मुख्यमंत्री धामी के कार्यकाल के पांच वर्ष पूरे होने के अवसर पर मनाए जा रहे ‘सेवा पखवाड़ा’ से जोड़ा गया है। 4 जुलाई से शुरू होकर 15 दिनों तक चलने वाले इस कार्यक्रम में सभी जिलों में विशेष शिविर लगाए जाएंगे, जहां राजस्व, समाज कल्याण, स्वास्थ्य, कृषि, बिजली, पेयजल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहेंगे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि लोगों को बिना भागदौड़ के सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराना ही सुशासन की पहली शर्त है। उन्होंने सभी जिलाधिकारियों और विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शिविरों में पूरी तैयारी के साथ मौजूद रहकर जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करें।











