देहरादून। शहर की सफाई व्यवस्था की हकीकत जानने के लिए नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडेय बुधवार को अचानक निरीक्षण पर निकल पड़े। उन्होंने पहले सभी सफाई निरीक्षकों को बैठक के लिए नगर निगम बुलाया और बैठक के दौरान उनके मोबाइल फोन जमा करा लिए। इसके बाद अधिकारियों को साथ लेकर सीधे उनके कार्यक्षेत्रों में पहुंच गए। इस औचक कार्रवाई के दौरान कई स्थानों पर सफाई कर्मचारियों की गैरमौजूदगी और कूड़ा पड़ा मिलने पर नगर आयुक्त ने नाराजगी जताई और संबंधित अधिकारियों से जवाब तलब किया।
डोभालवाला से शुरू हुआ निरीक्षण, सुपरवाइजर पर कार्रवाई के निर्देश
आगामी त्योहारों के मद्देनजर सफाई व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए किए गए निरीक्षण की शुरुआत डोभालवाला वार्ड से हुई। यहां कई स्थानों पर कूड़ा पड़ा मिलने और सफाई कर्मचारियों के अनुपस्थित रहने पर नगर आयुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने मुख्य नगर स्वास्थ्य अधिकारी को क्षेत्रीय सफाई सुपरवाइजर मुकुल को वर्तमान दायित्व से मुक्त कर उनके मूल पद सफाई कर्मचारी पर तैनात करने के निर्देश दिए।
इसके बाद नगर आयुक्त ने कैनाल रोड, सहस्रधारा रोड, महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज और रायपुर रोड सहित विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण किया। राजपुर रोड समेत कई इलाकों में भी सफाई व्यवस्था का जायजा लिया गया। जहां कूड़ा मिला, वहां संबंधित सफाई निरीक्षकों को तत्काल व्यवस्था सुधारने और नियमित रूप से कूड़ा उठाने के निर्देश दिए गए।
तीन सफाई निरीक्षकों से मांगा स्पष्टीकरण
निरीक्षण के दौरान मिली कमियों के संबंध में सफाई निरीक्षक पुष्पा रौथाण, राखी और विपेंद्र से स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। नगर आयुक्त ने कहा कि सफाई कर्मचारियों की उपस्थिति सुनिश्चित करना और निर्धारित समय पर सफाई कराना संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी सफाई निरीक्षकों को अपने क्षेत्रों में नियमित भ्रमण करने और कर्मचारियों की उपस्थिति पर नजर रखने के निर्देश दिए।
दोपहर की पाली में भी सफाई पर जोर
नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि शहर की सफाई व्यवस्था केवल सुबह की पाली तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। दोपहर की पाली में भी नियमित सफाई और समय पर कूड़ा उठान सुनिश्चित किया जाए। प्रमुख मार्गों, आंतरिक सड़कों, सार्वजनिक स्थलों और आवासीय क्षेत्रों में स्वच्छता बनाए रखने के लिए अधिकारियों को सक्रिय रहने की हिदायत दी गई।
उन्होंने दुकानदारों से भी अपने प्रतिष्ठानों के आसपास गंदगी नहीं फैलाने और कूड़े का उचित निस्तारण करने की अपील की। उन्होंने कहा कि शहर को स्वच्छ बनाए रखना नगर निगम के साथ व्यापारियों और नागरिकों की भी सामूहिक जिम्मेदारी है।
त्योहारों में लापरवाही पर कार्रवाई की चेतावनी
नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडेय ने कहा कि आगामी त्योहारों के दौरान सफाई व्यवस्था में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वह स्वयं विभिन्न क्षेत्रों का नियमित निरीक्षण करेंगे। जहां भी कमियां मिलेंगी, वहां तत्काल सुधार कराया जाएगा और जिम्मेदार अधिकारियों व कर्मचारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
बैठक के दौरान मोबाइल फोन जमा कराकर सफाई निरीक्षकों को सीधे उनके क्षेत्रों में ले जाने की कार्रवाई के जरिए नगर निगम के सफाई अमले को स्पष्ट संदेश दिया गया कि सफाई व्यवस्था की निगरानी केवल बैठकों और रिपोर्टों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि मौके पर स्थिति देखकर जवाबदेही भी तय की जाएगी।












