देहरादून। चुनाव आयोग को लेकर उठ रहे विवाद के बीच मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि संवैधानिक संस्थाएं लोकतंत्र का आधार हैं और इन पर सवाल या आरोप तथ्यों के आधार पर ही लगाए जाने चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब-जब जनता चुनाव में कांग्रेस को नकारती है, तब-तब राहुल गांधी अपनी हार का ठीकरा संवैधानिक संस्थाओं पर फोड़ते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कभी इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन तो कभी संवैधानिक संस्थाओं को हार का जिम्मेदार ठहराना कांग्रेस की आदत बन गई है।
धामी ने कहा कि चुनाव आयोग पर हमला करना देश के नागरिकों के लोकतांत्रिक जनादेश पर सवाल उठाने जैसा है। उन्होंने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि नेता प्रतिपक्ष जैसे महत्वपूर्ण पद पर रहते हुए भी उनमें अपेक्षित गंभीरता दिखाई नहीं देती। इंदौर में हुए ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता आजकल राजनीति कम और कॉमेडी ज्यादा कर रहे हैं।
डोभाल और जनरल बिपिन रावत के बयानों पर भी पलटवार
मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी की ओर से राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल पर लगाए गए आरोपों और कांग्रेस नेता की ओर से दिवंगत सीडीएस जनरल बिपिन रावत को लेकर की गई टिप्पणी का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि देश की सेवा करने वाले लोगों को लेकर कांग्रेस नेताओं की भाषा पर बार-बार सवाल उठते हैं।
नकल विरोधी कानून और सरकारी नौकरियों का किया जिक्र
धामी ने कहा कि राहुल गांधी को उत्तराखंड के बारे में बोलने से पहले तथ्यों की जानकारी लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि नकल विरोधी कानून के तहत 100 से अधिक आरोपियों पर कार्रवाई की गई है और प्रदेश में 35 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन तथ्यों को नजरअंदाज कर सरकार पर सवाल उठाना उचित नहीं है।











